Friday, October 23rd, 2020
Close X

पीएम मोदी ने कहा- किसानों को भ्रमित करने में बहुत सारी शक्तियां लगी हुई हैं

नई दिल्ली

विपक्षी दलों के भारी विरोध के बीच लोकसभा में गुरुवार को कृषि संबंधी दो विधेयकों को पारित करा लिया गया। ये दो विधेयक हैं- कृषि उपज व्यापार और वाणिज्य (संवर्धन और सुविधा) बिल और दूसरा मूल्य आश्वासन और कृषि सेवाओं पर किसान (संरक्षण एवं सशक्तीकरण बिल) 2020 है। इससे पहले मंगलवार को एक विधेयक- आवश्यक वस्तु (संशोधन) विधेयक, 2020 पारित कराया गया था। हालांकि, कृषि संंबंधी विधेयकों के विरोध में शिरोमणि अकाली दल की नेता हरसिमरत कौर के केन्द्रीय मंत्री पद छोड़ने और अन्य दलों के विरोध के बीच प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि किसानों को भ्रमित करने में बहुत सारी शक्तियां लगी हुई हैं।पीएम मोदी ने ट्वीट करते हुए कहा, "लोकसभा में ऐतिहासिक कृषि सुधार विधेयकों का पारित होना देश के किसानों और कृषि क्षेत्र के लिए एक महत्वपूर्ण क्षण है। ये विधेयक सही मायने में किसानों को बिचौलियों और तमाम अवरोधों से मुक्त करेंगे।" उन्होंने कहा, इस कृषि सुधार से किसानों को अपनी उपज बेचने के लिए नए-नए अवसर मिलेंगे, जिससे उनका मुनाफा बढ़ेगा। इससे हमारे कृषि क्षेत्र को जहां आधुनिक टेक्नोलॉजी का लाभ मिलेगा, वहीं अन्नदाता सशक्त होंगे।

 

पीएम मोदी ने आगे कहा, किसानों को भ्रमित करने में बहुत सारी शक्तियां लगी हुई हैं। मैं अपने किसान भाइयों और बहनों को आश्वस्त करता हूं कि MSP और सरकारी खरीद की व्यवस्था बनी रहेगी। ये विधेयक वास्तव में किसानों को कई और विकल्प प्रदान कर उन्हें सही मायने में सशक्त करने वाले हैं।कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने कृषि उपज एवं कीमत आश्वासन संबंधी विधेयकों को 'परिवर्तनकारी' बताते हुए गुरुवार को कहा कि किसानों के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) का तंत्र जारी रहेगा और इन विधेयकों के कारण तंत्र पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। तोमर ने कहा कि यह किसानों को बांधने वाला विधेयक नहीं बल्कि किसानों को स्वतंत्रता देने वाला विधेयक है। इससे प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी, किसानों को उनकी उपज के लिए लाभकारी मूल्य दिलाना सुनिश्चित होगा और उन्हें निजी निवेश एवं प्रौद्योगिकी भी सुलभ हो सकेगी। कांग्रेस ने कृषि से संबंधित विधेयकों को किसान विरोधी करार देते हुए बृहस्पतिवार को संसद के भीतर एवं बाहर इनका पुरजोर विरोध किया और आरोप लगाया कि सरकार किसानों को खत्म करने के साथ ही कुछ पूंजीपतियों को फायदा पहुंचाना चाहती है। पार्टी नेता राहुल गांधी ने दावा किया कि ये 'काले कानून' किसानों और मजदूरों के शोषण के लिए बनाए जा रहे हैं।

Source : Agency

आपकी राय

8 + 11 =

पाठको की राय